ताज ख़ान
नर्मदापुरम//
एक बार फिर फिटनेस आइकॉन एसडीओपी जितेंद्र पाठक,और सुपर कॉप के नाम से पहचान रखने वाले गौरव बुंदेला ने अपनी जुगलबंदी से अवैध कारोबारियों में ख़ौफ़ पैदा कर दिया है।
सटोरियों में नकेल कसने का काम शुरू।
सोमवार को पुलिस ने सटोरियों के ख़िलाफ़ अभियान चलाया।पुलिस टीम को सूचना प्राप्त हुई की सब्जी मंडी,मीनाक्षी चौक के पास, बालागंज,जयस्तंभ चौक, गुप्ता ग्राउंड के पास एवं बंगाली कालोनी में कुछ लोग चोरी छुपे अंको पर रुपये पैसो का दाव लगाकर अवैध रुप से सट्टा खिलाने का काम कर रहे है।सट्टा लिखने वाले स्थानो पर अलग अलग पुलिस टीम गठित कर दबिश दी गई,टीमों द्वारा प्रभावी कार्यवाही कर सट्टा खिलाने वाले एवं खेलने वाले 14 लोगो को उक्त स्थानो से धर दबोचा एवं उनके विरुद्ध धारा 4 (क) ध्रुत अधिनियम के तहत कार्यवाही की गई एवं पूर्व से रिकार्ड शुदा आरोपियों के विरुद्ध धारा-170 बीएनएसएस के अंतर्गत कार्यवाही की गई है।
कौन कौन चढ़े पुलिस के हत्थे।
आरोपीयो के नाम,प्रीतम जाटव निवासी बंगाली कालोनी नर्मदापुरम,दयाचन्द उर्फ करण निवासी बालागंज,सुनील सोनी निवासी कोठी बाजार नर्मदापुरम,नीरज सोनी निवासी कोठी बाजार नर्मदापुरम,रमनलाल जाटव निवासी जोशीपुर बुधनी सीहोर,शंकर वर्मा निवासी बंगाली कालोनी नर्मदापुरम,राजकुमार कहार निवासी सेठ गुरुप्रसाद स्कूल के पास नर्मदापुरम,शिवनारायण वाथरे निवासी रामपुर गुर्रा,राजेश कहार निवासी ब्रिज के नीचे नर्मदापुरम,जय किशन अग्रवाल निवासी इटारसी नर्मदापुरम,सतीश केवट निवासी संजय नगर ग्वालटोली नर्मदापुरम, सालिकराम कीर निवासी निमसाडिया देहात नर्मदापुरम,यूसुफ निवासी बंगाली कालोनी नर्मदापुरम,रोशन कहार निवासी आदमगढ नर्मदापुरम,को धर दबोचा।इन सटोरियों के पास से पुलिस ने 1,28,000 रुपये नगदी एवं सट्टा सामग्री एवं 3 मोबाइल फोन कीमती 85,000 रुपये,कुल मशरुका 2,13,000 रुपये + 2 लाख रुपये की सट्टा पर्चियाँ जप्त की गई है।
कही जा रही है बड़ी कार्रवाई,स्पष्ट है संदेश।
ज्ञात हो इससे पहले इतने बड़े पैमाने पर कभी सटोरियों के विरुद्ध इतनी बड़ी कार्रवाई नहीं देखने में आई थी।इससे एक बात तो स्पष्ट हो रही है कि पुलिस कप्तान ने शहर की जिम्मेदारी विभाग के सुपर कॉप गौरव बुंदेला को सौंपकर स्पष्ट संदेश दे दिया है कि नर्मदापुरम में अवैध कारनामों के विरुद्ध प्रभावी कार्यवाही की जाएगी।ये वही गौरव हैं जिन्होंने एसपी द्वारा चलाए आईपीएल सटोरियों के ख़िलाफ़ कार्रवाई की थी जिसे ज़िले की पहली आईपीएल सटोरियों के विरुद्ध कार्रवाई कही गई थी।

